नई दिल्ली: देश 77वें गणतंत्र दिवस की तैयारियों में जुटा है। इस बार कर्तव्य पथ पर होने वाली भव्य परेड में एक ऐतिहासिक पल देखने को मिलेगा, जब 26 वर्षीय सीआरपीएफ (केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल) की सहायक कमांडेंट सिमरन बाला अपनी फोर्स की पूरी तरह पुरुष टुकड़ी का नेतृत्व करेंगी। यह पहली बार है जब सीआरपीएफ की किसी पुरुष टुकड़ी को कोई महिला अधिकारी कमान संभालेगी, जो महिला सशक्तिकरण और सेना में लैंगिक समानता की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

यह भी पढ़ें :  यमकेश्वर विधानसभा में बदलाव की आहट, समाजसेवी नेगी बनते जा रहे हैं जनता की पहली पसंद

सिमरन बाला जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले के नौशेरा की रहने वाली हैं। वे अपने जिले की पहली महिला हैं, जिन्होंने सीआरपीएफ में ग्रुप ए अधिकारी (असिस्टेंट कमांडेंट) के रूप में सेवा शुरू की। उन्होंने 2023 में UPSC CAPF परीक्षा अपने पहले प्रयास में पास की और ऑल इंडिया रैंक 82 हासिल की। उनकी चयन प्रक्रिया पूरी तरह मेरिट पर आधारित रही—ड्रिल में सटीकता, आत्मविश्वास और लीडरशिप स्किल्स के आधार पर उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई।

26 जनवरी 2026 को कर्तव्य पथ पर होने वाली परेड में सिमरन बाला 140 से अधिक पुरुष जवानों की टुकड़ी को लीड करेंगी। अधिकारियों के अनुसार, इससे पहले महिला अधिकारी मिश्रित या महिला टुकड़ियों का नेतृत्व कर चुकी हैं, लेकिन किसी पुरुष-प्रधान टुकड़ी को कमांड करने का यह पहला मौका है। यह उपलब्धि न केवल सीआरपीएफ के लिए, बल्कि देश की समस्त सशस्त्र और अर्धसैनिक बलों में महिलाओं की बढ़ती भूमिका का प्रतीक है।

यह भी पढ़ें :  विराट हिंदू सम्मेलन में बोले सीएम धामी, हिंदू समाज की एकता का महापर्व

सिमरन ने मीडिया से बातचीत में कहा, “मुझे इस राष्ट्रीय स्तर के समारोह में अपनी फोर्स का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिलना सच्चा सम्मान है। यह मेरे लिए और सभी महिलाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *