गोपेश्वर (चमोली)। दशोली ब्लाॅक के लासी गांव में सार्वजनिक समारोह में शराब परोसने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। यदि कोई व्यक्ति इस दौरान शराब परोसेगा तो उस पर 51 हजार रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा। चमोली जिले के तमाम गांवों में सार्वजनिक समारोह में शराब पीने और पिलाने वालोें पर लगातार शिकंजा कसता जा रहा है। इसी कड़ी में लासी गांव में हुई बैठक में महिलाओं समेत पुरूषों ने सार्वजनिक समारोह में शराब परोसने पर प्रतिबंध का निर्णय लिया है। प्रधान सुभागा देवी कुंवर तथा महिला मंगल दल अध्यक्ष विनीता देवी की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस आशय का प्रस्ताव पारित किया गया। इसके तहत शादी-ब्याह, मुंडन संस्कार, सगाई तथा अन्य सार्वजनिक समारोह में शराब पर पूरी तरह प्रतिबंध करने का निर्णय लिया गया।

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प्रस्ताव में कहा गया है कि इस तरह के आयोजन में कोई व्यक्ति शराब परोसते हुए पाया गया तो उस पर 51 हजार रुपये का अर्थदंड वसूला जाएगा। यानि शराब पीने वालों और परोसने वालों की अब खैर नहीं रहेगी। इस अवसर पर पूर्व प्रधान नयन सिंह कुंवर ने कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं और पुरूषों को शपथ दिलाई कि अब सार्वजनिक समारोहों में अब शराब नहीं परोसी जाएगी। इसका उल्लघंन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कहा गया कि मौजूदा दौर में शराब के बढ़ते प्रचलन के चलते युवा पीढ़ी का भविष्य खोखला होता जा रहा है। शादी-ब्याह और अन्य सामाजिक कार्यक्रमों में शराब के बढ़ने चलन के चलते लोगों की आर्थिकी पर बुरा प्रभाव तो पड़ ही रहा है अपितु इस तरह के समारोह हुडदंग में बदल रहे हैं। गांव का सामाजिक तानाबाना भी नष्ट हो रहा है। इसलिए शराब को प्रतिबंधित करने से ही सबका भला होगा।

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इस दौरान बीडीसी मेंबर कुलदीप कुमार, पूर्व प्रधान वीरेंद्र रावत, बीरेंद्र फरस्वाण, शशि देवी, संगीता पंवार, रेखा फरस्वाण, विक्रम सिंह रावत, गंगा सिंह कुंवर, संगीता रावत, रामचंद्र सिंह रावत समेत गांव की महिलाएं और अन्य गणमान्य लोग शामिल रहे।

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