कोटद्वार। जिला गढ़वाल के महत्वपूर्ण अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं के हाल बेहाल हैं, यहाँ तक कि हाल ही में स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल के अस्पताल दौरे को भले ही बढ़ा चढ़ा कर दिखाया गया हो, मगर असलियत यह है कि अस्पताल प्रबंधन ने स्वास्थ्य मंत्री को साफ अवगत करा दिया था कि बगैर स्टाफ और चिकित्सा उपकरणों ने अस्पताल के स्वास्थ्य में सुधार की कोई गुंजायश नहीं है, बिना स्टाफ कई महत्वपूर्ण आपरेशन नहीं किये जा सकते हैं साथ ही आईसीयू का संचालन भी संभव नहीं है।

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नागरिक मंच के अध्यक्ष चंद्र प्रकाश नैथानी और सचिव अतुल भट्ट द्वारा लगातार कोटद्वार अस्पताल की बदहाली दूर करने के लिए संबंधितों को अवगत कराया जा रहा था मगर नेताओं ने हाथ खड़े किये हुए थे।

इसलिए कोटद्वार नागरिक मंच के तत्वाधान में वरिष्ठ नागरिक संगठन, कोटद्वार विकास समिति, पूर्व अर्ध सैनिक बल संगठन, उत्तराखण्ड विकास पार्टी आदि ने कोटद्वार अस्पताल परिसर में धरना प्रदर्शन किया।

वक्ताओं ने कहा कि लगातार दस साल भाजपा सरकार के डबल ट्रिपल इंजन ने केवल हवा हवाई दावे किये बड़े बड़े विज्ञापन किये मगर अस्पताल की हालत सुधारने के प्रयास किसी ने नहीं किये।

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सभी वक्ताओं ने एक मत से सहमति जताई कि कोटद्वार के मूलभूत विकास के लिए किसी समझदार व्यक्ति को प्रतिनिधि बनाया जाना जरूरी है। वर्तमान जनप्रतिनिधि इस क्षमता के नहीं हैं कि वे स्वास्थ्य सुविधाओं को ठीक कर सकें।

धरने में गोपाल कृष्ण बर्थवाल, गोविंद डंडरियाल, सुल्तान सिंह रावत, पी सी नवानी, जयवीर सिंह रावत, सुदीप बौठियाल, अनूप थपलियाल, राजेंद्र पंत, देवव्रत काला, विपुल उनियाल, सुनील कोटनाला, चित्रमणि देवलियाल, मुजीब नैथानी आदि शामिल हुये।

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