नैनीताल। जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन रयाल ने उधम सिंह नगर के रुद्रपुर तहसील की 9 एकड़ भूमि पर बड़ा फैसला देते हुए सभी पट्टों को रद्द कर दिया है और रुद्रपुर तहसील को आदेश का तत्काल अनुपालन करने के आदेश दिए। 

जिलाधिकारी नैनीताल न्यायालय ने पाया कि उक्त भूमि नजूल भूमि है, जिसे गलत तरीके से वर्ग 4 में चढ़ाया गया था। डीएम नैनीताल ललित मोहन रयाल ने बड़ा फैसला सुनाते हुए ग्राम रुद्रपुर की करीब 3.60 हेक्टेयर (लगभग 9 एकड़) भूमि के सभी पट्टे निरस्त कर दिए हैं।अब यह भूमि राज्य सरकार में निहित हो गई है।

यह भी पढ़ें :  मूसलाधार बारिश से उत्तराखंड बेहाल: यमुनोत्री पैदल मार्ग धंसा, दो कांवड़िए घायल, टिहरी की नौ सड़कें बंद

कमिश्नर कार्यालय ने नैनीताल जिला मजिस्ट्रेट को ट्रांसफर की थी सुनवाई। डीएम न्यायालय नैनीताल में वाद संख्या 51/4, 51/5 व 51/6 (वर्ष 2018-19) की लंबी सुनवाई के बाद यह फैसला आया है। मामले में खसरा संख्या 66, 69 और 70 की भूमि पर वर्ष 2015 में किए गए पट्टा नियमितीकरण और भूमिधरी अधिकार को भी अवैध ठहराते हुए पूरी तरह खारिज कर दिया गया । यह वाद स्वर्ण सिंह, दर्शन सिंह और हरकेवल/हरपाल सिंह द्वारा पूर्व में कलेक्टर उधम सिंह नगर के समक्ष प्रस्तुत किए गए थे, जिन्हें बाद में आयुक्त न्यायालय द्वारा सुनवाई के लिए जिला मजिस्ट्रेट नैनीताल को स्थानांतरित किया गया था।

यह भी पढ़ें :  मतदाता सूची पुनरीक्षण की जमीनी पड़ताल को ग्राउंड  जीरो पर उतरे डीएम डॉ. आशीष चौहान, अजबपुर कलां में घर-घर नोटिस वितरण प्रक्रिया का किया स्थलीय निरीक्षण, त्रुटिरहित एसआईआर के लिए दिए सख्त निर्देश

वर्ष 2018 से यह मामला डीएम न्यायालय में लंबित चल रहा था। सुनवाई के दौरान न्यायालय ने स्पष्ट किया कि संबंधित भूमि मूल रूप से नजूल भूमि है, जिसे गलत तरीके से वर्ग-4 में दर्ज किया गया था। इससे जुड़े अपर जिलाधिकारी उधम सिंह नगर के आदेश को राजस्व परिषद देहरादून पहले ही निरस्त कर चुकी है। ऐसे में वर्ग-4 भूमि के नियमितीकरण का कोई लाभ नहीं दिया जा सकता।

नियम विरुद्ध किए गए नियमितीकरण और भूमिधरी अधिकार कानूनन शून्य हैं। साथ ही तहसीलदार रुद्रपुर को आदेशों का तत्काल अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।

-ललित मोहन रयाल, डीएम, नैनीताल।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *