नई दिल्ली:  NEET पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर राजधानी में दो दिनों से चल रहा प्रदर्शन मंगलवार को और तेज हो गया। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आह्वान पर जंतर-मंतर पर पिछले एक महीने से चल रहा प्रदर्शन सोमवार को ‘चलो संसद मार्च’ के दौरान उग्र हो गया था। CJP संस्थापक अभिजीत दीपके ने मंगलवार को भी मार्च जारी रखने का एलान किया। मंगलवार सुबह से ही जंतर-मंतर पर फिर से मंच लगा और दिल्ली-एनसीआर से हजारों छात्र और युवा वहां पहुंचे। पुलिस के अनुसार भीड़ 15 से 20 हजार तक पहुंच गई।

इसी बीच मंगलवार दोपहर कांग्रेस ने भी इस मुद्दे पर मोर्चा खोल दिया। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा, केसी वेणुगोपाल और पवन खेड़ा सहित बड़े नेता लोक कल्याण मार्ग पर प्रधानमंत्री आवास के बाहर धरने पर बैठ गए। कांग्रेस की मांग थी कि प्रधानमंत्री और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें और इस मुद्दे पर संसद में चर्चा हो।

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लगभग चार घंटे तक चले धरने के बाद दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटा दिया। देर शाम राहुल गांधी को डिटेन कर मॉडल टाउन थाने ले जाया गया। प्रियंका गांधी को भी हिरासत में लिया गया। बाद में अखिलेश यादव को भी धरना स्थल से हटाया गया। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा था कि उनका प्रदर्शन रातभर जारी रहेगा। इससे पहले केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह राहुल गांधी को मनाने पहुंचे थे, लेकिन बातचीत विफल रही।

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पुलिस और प्रदर्शनकारियों में झड़प, आंसू गैस का प्रयोग

सोमवार को संसद मार्च के दौरान कई जगहों पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई। प्रदर्शनकारियों ने रायसीना रोड, जनपथ और फिरोज शाह रोड पर बैरिकेड तोड़ने की कोशिश की, पुलिस वाहनों को क्षतिग्रस्त किया और पथराव किया। पुलिस को भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। जंतर-मंतर पर भी छात्रों पर आंसू गैस का प्रयोग किया गया।

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पुलिस के अनुसार पथराव में 118 पुलिसकर्मी और लाठीचार्ज-झड़प में 60 प्रदर्शनकारी घायल हुए हैं। घायलों को आरएमएल, लेडी हार्डिंग और सफदरजंग सहित विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और आप संयोजक अरविंद केजरीवाल ने अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना।

दिल्ली पुलिस ने हिंसा और वाहनों में तोड़फोड़ को लेकर कनॉट प्लेस, पार्लियामेंट स्ट्रीट सहित विभिन्न थानों में अब तक 5 FIR दर्ज की हैं। सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों की पहचान की जा रही है।

CJP की तीन मांगें और संगठन में कार्रवाई

CJP प्रवक्ता सौरभ दास के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की। CJP ने तीन मांगें रखी हैं – 1. सोनम वांगचुक की तुरंत रिहाई, 2. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, 3. NEET के बाद आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा।

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इधर CJP ने अपनी ही प्रवक्ता विजेता दहिया को पद से हटा दिया है। पार्टी ने आरोप लगाया कि जब कार्यकर्ता पुलिस कार्रवाई का सामना कर रहे थे, तब उनका आचरण असंवेदनशील था।

वहीं पुलिस कार्रवाई के विरोध में CJP प्रवक्ता सौरव दास ने मंगलवार रात 8 बजे दिल्ली पुलिस हेडक्वार्टर के बाहर शांतिपूर्ण प्रदर्शन का एलान किया है।

प्रदर्शन के कारण मध्य दिल्ली, कनॉट प्लेस, डीएनडी और चिल्ला बॉर्डर पर भीषण जाम लगा रहा। सुरक्षा के मद्देनजर संसद भवन के सभी गेट बंद कर दिए गए थे।

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