• ‎जल संरक्षण एवं प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण में ग्राम पंचायतों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण

टिहरी : मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल की उपस्थिति में शनिवार को क्रीड़ा हॉल, नई टिहरी में विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) तथा स्प्रिंग एंड रिवर रिजुवनेशन अथॉरिटी (सारा) के अंतर्गत जनपद स्तरीय पंच सम्मेलन एवं जल उत्सव/जल संरक्षण अभियान पर आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न विकासखंडों से ग्राम प्रधानों एवं पंचायत प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया।

आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करते हुए मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल ने कहा कि विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत जल संरक्षण, सिंचाई, जल स्रोतों का पुनर्जीवन, भूजल पुनर्भरण, वाटरशेड विकास, वनीकरण एवं प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण जैसे कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर रखा गया है। उन्होंने कहा कि इन कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन में ग्राम पंचायतों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है तथा जनसहभागिता के माध्यम से जल संरक्षण को स्थायी स्वरूप दिया जा सकता है।

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‎मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल ने विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि योजना के अंतर्गत ग्रामीण परिवारों को वर्ष में 125 दिनों के रोजगार का प्रावधान किया गया है। उन्होंने बताया कि योजना में ग्राम पंचायतों की भूमिका को और अधिक सशक्त बनाया गया है तथा कार्यों के दायरे का विस्तार करते हुए स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप अधिक विकास कार्यों को शामिल किया गया है। उन्होंने योजना के विभिन्न प्रावधानों, पात्रता, कार्य स्वीकृति की प्रक्रिया, श्रमिकों के अधिकार तथा पारदर्शी क्रियान्वयन की जानकारी दी।

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‎कार्यक्रम में स्प्रिंग एंड रिवर रिजुवनेशन अथॉरिटी (सारा) के हाइड्रो जियोलॉजिस्ट डॉ. पंकज शेकवाल ने सारा द्वारा संचालित विभिन्न गतिविधियों की जानकारी देते हुए प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण, पुनर्जीवन, वर्षा जल संचयन, भूजल पुनर्भरण तथा जलागम विकास के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि स्थानीय समुदाय एवं ग्राम पंचायतों की सक्रिय भागीदारी से जल स्रोतों का संरक्षण अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकता है।

‎इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी ने विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) की विस्तृत जानकारी देते हुए योजना के विभिन्न प्रावधानों, अनुमन्य कार्यों एवं ग्राम पंचायतों की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने ग्राम प्रधानों द्वारा पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दिए तथा उनकी शंकाओं का समाधान किया। ‎आयोजित कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न विकासखंडों से आए ग्राम प्रधानों, प्रतिनिधि व संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

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