रुद्रप्रयाग। जिले में लगातार बारिश और यात्रा मार्ग पर बढ़ते खतरे को देखते हुए प्रशासन ने श्री मद्महेश्वर धाम की यात्रा को तत्काल प्रभाव से अग्रिम आदेशों तक स्थगित कर दिया है। जनसुरक्षा और व्यापक जनहित को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
प्रशासन के अनुसार, तलसारी तोक से गौण्डार-बनतोली-खुन्नू होते हुए मद्महेश्वर जाने वाले करीब 14.50 किलोमीटर लंबे पैदल मार्ग पर जगह-जगह भूस्खलन हो रहा है। मार्ग के शुरुआती पांच किलोमीटर हिस्से में कटिंग का कार्य भी चल रहा था, जिसमें करीब 3.5 किलोमीटर कटिंग पूरी हो चुकी है। यात्रा संचालन के कारण फिलहाल कटिंग कार्य बंद किया गया है।
लैंडस्लाइड वाले स्थानों पर जोखिम उठा रहे यात्री
प्रशासन को मिली रिपोर्ट के मुताबिक तलसारी तोक से बनतोली तक कई स्थानों पर लैंडस्लाइड हो रहा है। इसके बावजूद यात्री जोखिम वाले स्थानों पर रुकने के बजाय भूस्खलन वाले हिस्सों को पार कर रहे हैं और वहां सेल्फी व फोटोग्राफी भी कर रहे हैं। इससे किसी भी समय दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।
अस्थायी पुल बहने के बाद ट्रॉली से हो रही थी आवाजाही
बनतोली में मोरखंडा नदी पर बनाया गया लकड़ी का अस्थायी पुल 24 जुलाई को नदी के तेज बहाव में बह गया था। इसके बाद यात्रियों की आवाजाही के लिए मैनुअल ट्रॉली का इस्तेमाल किया जा रहा है। ट्रॉली में एक बार में केवल दो लोगों के आवागमन की क्षमता है।
वहीं, इन दिनों यात्रियों और कांवड़ियों की भारी भीड़ के कारण सुबह के समय करीब 150 से 200 लोग ट्रॉली स्थल पर पहुंच रहे हैं। भीड़ के दौरान ट्रॉली संचालकों और मजदूरों से दुर्व्यवहार तथा सेल्फी लेने को लेकर आपाधापी की स्थिति बन रही है। प्रशासन ने इसे भी सुरक्षा के लिहाज से गंभीर माना है।
ट्रॉली की मरम्मत में लगेंगे 2 से 3 दिन
लोक निर्माण विभाग, ऊखीमठ की रिपोर्ट में बताया गया है कि गौण्डार में यात्रियों की आवाजाही के लिए लगाई गई ट्रॉली के रिपेयर और मेंटेनेंस की आवश्यकता है। इसके लिए कम से कम दो से तीन दिन का समय लगने की संभावना है।
इन सभी परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस अधीक्षक रुद्रप्रयाग, उप जिलाधिकारी ऊखीमठ और लोक निर्माण विभाग की रिपोर्ट के आधार पर प्रशासन ने मद्महेश्वर धाम यात्रा को तत्काल प्रभाव से अग्रिम आदेशों तक स्थगित करने का आदेश जारी किया है।
प्रशासन ने संबंधित विभागों को यात्रा मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था, बैरिकेडिंग और सूचना पट्ट लगाने के साथ आदेश का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस, राजस्व, लोक निर्माण विभाग समेत सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
